
@नवल खबर ब्यूरो
काशीपुर। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर अधिवक्ता परिषद काशीपुर द्वारा एक विशेष “अधिवक्ता संवाद” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का विषय “महिला सशक्तिकरण में न्यायालय एवं अधिवक्ताओं की भूमिका” रखा गया, जिसमें न्यायपालिका और अधिवक्ता समुदाय की जिम्मेदारी तथा योगदान पर विस्तृत चर्चा की गई।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में पूनम टोडी (सिविल जज जूनियर डिवीजन), दीप्ति पंत (प्रथम अपर सिविल न्यायाधीश), आयशा परवीन (द्वितीय अपर सिविल जज) तथा सृष्टि बनियाल (तृतीय अपर सिविल जज) उपस्थित रहीं। वक्ताओं ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि महिलाओं के अधिकारों की रक्षा और उन्हें न्याय दिलाने में न्यायालय और अधिवक्ताओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि समाज में महिलाओं को न्याय दिलाने के लिए कानूनी जागरूकता का प्रसार आवश्यक है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ अधिवक्ता मंजू सक्सेना ने की। मंच पर कार्यकारिणी सदस्य प्रीति कश्यप, नर्गिस और प्रीति शर्मा भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम का संचालन अधिवक्ता परिषद काशीपुर के महामंत्री अमिताभ सक्सेना, एडवोकेट ने किया।
वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में महिलाओं के अधिकारों, सुरक्षा और सम्मान की रक्षा के लिए विधिक जागरूकता बेहद जरूरी है। उन्होंने अधिवक्ताओं से अपेक्षा जताई कि वे समाज में कानूनी जानकारी फैलाने तथा जरूरतमंद महिलाओं को उचित मार्गदर्शन देने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
कार्यक्रम के दौरान महिला सुरक्षा से संबंधित विभिन्न कानूनों, कानूनी प्रावधानों तथा न्याय प्राप्ति की प्रक्रिया पर भी चर्चा की गई। महिला अधिवक्ताओं ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि किस प्रकार अधिवक्ता समाज में महिलाओं को न्याय दिलाने में एक महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य करते हैं।
अधिवक्ता परिषद काशीपुर के अध्यक्ष आनंद रस्तोगी के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिला अधिवक्ताओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। वक्ताओं ने महिला सशक्तिकरण के लिए विधिक जागरूकता, न्याय तक आसान पहुंच और अधिवक्ताओं की संवेदनशील भूमिका को आवश्यक बताया।

इस दौरान महिला अधिवक्ता गोमती चौहान, सावित्री, ममता, कामिनी श्रीवास्तव, चेतना सिंह, सहाना, नीलू रानी, नीरू उपाध्याय, रूपा माटा, पूनम वर्मा, पूनम शर्मा, शालिनी मिश्रा, सावित्री शर्मा, गौरांशी रस्तोगी, पूनम नेगी, आसमा अंसारी, रूही अंसारी, राजारथा परिषद काशीपुर के कोषाध्यक्ष समर्थ विक्रम सिंघल, सुशील चौधरी, विवेक शर्मा, अचल वर्मा, दुष्यंत चौहान, बी.सी. नौटियाल सहित अनेक अधिवक्ता उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए महिला सशक्तिकरण के लिए निरंतर प्रयास करने का संकल्प लिया गया।
